उप्र में साइबर धोखाधड़ी गिरोह का भंडाफोड़, तीन सदस्य गिरफ्तार
पारुल
- 16 Apr 2026, 07:21 PM
- Updated: 07:21 PM
भदोही, 16 अप्रैल (भाषा) उत्तर प्रदेश के भदोही जिले में पुलिस ने एक साइबर धोखाधड़ी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए उसके तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों पर कई राज्यों में खुलवाए गए 200 से अधिक बैंक खातों का इस्तेमाल कर लोगों से 10 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी करने का आरोप है।
पुलिस अधीक्षक (एसपी) अभिनव त्यागी ने बताया कि ज्ञानपुर में अमन बिंद नामक एक रेहड़ी-पटरी वाले ने उसके और उसकी बहन के नाम पर खोले गए बैंक खातों का दुरुपयोग किए जाने का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी।
त्यागी के मुताबिक, शिकायत की जांच के दौरान पांच सदस्यीय गिरोह का खुलासा हुआ, जिनमें से तीन-अंशुल मिश्रा, कपिल रावत और मोहम्मद शोएब को बुधवार को गिरफ्तार कर लिया गया।
उन्होंने बताया कि दो अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है, जिनकी पहचान अस्तित्व वर्मा उर्फ रौनक और ध्रुव पाठक के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, जांच से पता चला है कि अस्तित्व वर्मा ने एक ग्राहक के रूप में बिंद से दोस्ती की और उसे अन्य लोगों से मिलवाया, जिन्होंने सरकारी योजनाओं के तहत ऋण की व्यवस्था करने का वादा किया।
पुलिस ने बताया कि इसके बाद आरोपियों ने पीड़ित और उसकी बहन के बैंक खाते खुलवाए और पासबुक, एटीएम कार्ड और खातों से जुड़े मोबाइल नंबर सहित अन्य विवरण जुटाए।
जांचकर्ताओं ने पाया कि आरोपियों ने व्हाट्सएप, टेलीग्राम और इंस्टाग्राम समूहों के माध्यम से बैंक खातों से जुड़ी जानकारियां साझा कीं और ऑनलाइन शॉपिंग एवं ऋण सेवाओं की आड़ में धोखाधड़ी वाले लेनदेन की सुविधा हासिल करने के लिए एपीके फाइल प्रसारित कीं।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास से जब्त चार एंड्रॉयड फोन के डेटा के विश्लेषण से उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान और झारखंड में कई बैंक खातों के जरिये 10 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी किए जाने का अनुमान है।
अधिकारियों ने बताया कि इन खातों के खिलाफ राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीपीआर) पर पहले से ही 545 शिकायतें दर्ज हैं।
उन्होंने बताया कि आरोपियों ने धोखाधड़ी से अर्जित राशि एटीएम, पेट्रोल पंप और क्रिप्टोकरेंसी चैनलों के माध्यम से निकाली तथा आपस में बांटी।
अधिकारियों ने बताया कि सभी आरोपियों की उम्र 19 से 21 साल के बीच है और मामले की जांच जारी है।
भाषा
सं जफर पारुल
पारुल
1604 1921 भदोही