त्रिशूर पटाखा फैक्टरी विस्फोट : नौ शव, कई क्षत विक्षत अंग बरामद
मनीषा
- 22 Apr 2026, 11:33 AM
- Updated: 11:33 AM
(तस्वीरों के साथ)
त्रिशूर (केरल), 22 अप्रैल (भाषा) केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने बुधवार को कहा कि त्रिशूर जिले के मुंडाथिकोड स्थित एक पटाखा फैक्टरी में एक दिन पहले हुए विस्फोट स्थल से नौ शव और कई क्षत विक्षत अंग बरामद किए गए हैं।
केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (केएसडीएमए) ने एक बयान में कहा कि विस्फोट स्थल से 26 क्षत विक्षत अंग बरामद हुए हैं और उनकी पहचान के लिए डीएनए जांच करायी जाएगी। जांच के बाद मृतकों की संख्या में बदलाव हो सकता है।
मंगलवार रात तक केएसडीएमए के अनुसार, इस घटना में कम से कम 13 लोगों की मौत होने की आशंका जताई गई थी।
मंत्री ने कहा कि राजीव गांधी जैव प्रौद्योगिकी संस्थान के विशेषज्ञ बुधवार सुबह नमूने एकत्र करने पहुंचेंगे। वे डीएनए जांच के लिए शरीर के अंगों और शवों के नमूने लेंगे, जिनमें वे शव भी शामिल हैं जिनकी पहचान हो चुकी है और पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिए गए हैं।
उन्होंने कहा, ''इस घटना में पहचान करना मुश्किल है, क्योंकि कई शव और शरीर के अंग बुरी तरह झुलस गए हैं।"
जॉर्ज ने बताया कि त्रिशूर मेडिकल कॉलेज में 13 घायलों का इलाज चल रहा है, जिनमें से 10 आईसीयू में भर्ती हैं। इन 10 में से दो मरीज वेंटिलेटर पर हैं।
मंत्री ने कहा कि हादसे में बचे लोगों को मनोवैज्ञानिक सहायता भी उपलब्ध करायी जा रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि विस्फोट के समय फैक्टरी में मौजूद लोगों की सही संख्या को लेकर अभी स्पष्टता नहीं है।
जॉर्ज ने कहा कि कुछ दावों के अनुसार फैक्टरी में 40 कर्मचारी थे, लेकिन उनमें से कुछ लोग दिन में ही अपने घर लौट गए थे।
उन्होंने कहा कि जांच जारी है और विस्फोट के समय वहां मौजूद लोगों की सटीक संख्या का पता लगाने में कुछ और समय लगेगा।
जॉर्ज ने बताया कि रात दो बजे तक पांच शवों का पोस्टमार्टम किया गया और तीन शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिए गए।
त्रिशूर जिला कलेक्टर शिखा सुरेंद्रन ने एक बयान में कहा कि यदि घटनास्थल पर पटाखा निर्माण कार्य से जुड़े किसी व्यक्ति का अब भी पता नहीं चल पाया है, तो परिजन नियंत्रण कक्षों से संपर्क करें।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि फैक्टरी में काम करने वाला कोई कर्मचारी घटना से पहले वहां से चला गया था, तो वह नियंत्रण कक्ष से संपर्क कर मृतकों और लापता लोगों के बारे में जानकारी दें।
विस्फोट के समय कई शेड में करीब 40 लोगों के मौजूद होने की आशंका है। यह विस्फोट आगामी 26 अप्रैल को होने वाले त्रिशूर पूरम उत्सव से पहले एक मंदिर देवस्वओम की ओर से पटाखे तैयार कर रही इकाई में हुआ था।
स्थानीय निवासियों के अनुसार, विस्फोट दोपहर करीब 3:30 बजे हुआ और इसके बाद बीच-बीच में धमाके होते रहे, जिससे राहत एवं बचाव कार्य प्रभावित हुआ। धान के खेतों के बीच एक सुनसान इलाके में बने कई अस्थायी शेड में पटाखे तैयार किए जा रहे थे।
भाषा गोला मनीषा
मनीषा
2204 1133 त्रिशूर