चारधाम यात्रा मार्ग पर घोड़ों-खच्चरों के बीमा प्रीमियम का 20 फीसदी उत्तराखंड सरकार देगी
पारुल
- 18 Jun 2026, 06:41 PM
- Updated: 06:41 PM
देहरादून, 18 जून (भाषा) उत्तराखंड मंत्रिमंडल ने चारधाम यात्रा में इस्तेमाल में लाए जाने वाले घोड़ों-खच्चरों के बीमा प्रीमियम का 20 फीसदी हिस्सा राज्य सरकार द्वारा वहन किए जाने और प्रदेश को 'पूर्ण साक्षर' घोषित किए जाने सहित कई प्रस्तावों पर बृहस्पतिवार को मुहर लगा दी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में देहरादून में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक के बाद प्रदेश के सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी ने बताया कि राज्य सरकार ने केदारनाथ, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब यात्रा मार्गों पर चलाए जाने वाले घोड़ों-खच्चरों (अश्ववंशीय पशुओं) के मालिकों को बड़ी राहत देते हुए बीमा प्रीमियम की 20 प्रतिशत धनराशि खुद वहन करने का फैसला लिया है।
तिवारी ने बताया कि प्रीमियम की शेष 80 प्रतिशत राशि का भुगतान पशु मालिक करेंगे।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2026 की यात्रा के लिए अनुमानित 15,000 घोड़े-खच्चर पंजीकृत हैं, जिनमें से प्रत्येक की कीमत 70,000 रुपये आंकी गई है और पांच प्रतिशत की प्रीमियम दर के हिसाब से कुल 525 लाख रुपये के प्रीमियम का भुगतान किए जाने की जरूरत होगी, जिसमें से 20 फीसदी राशि यानी 105 लाख रुपये का भार राज्य सरकार उठाएगी।
तिवारी के मुताबिक, एक अन्य फैसले में राज्य मंत्रिमंडल ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप साक्षरता के मानकों के आधार पर उत्तराखंड को 'पूर्ण साक्षर' घोषित किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। उन्होंने बताया कि नीति के तहत उत्तराखंड में वर्तमान में साक्षरता दर 98 प्रतिशत से अधिक हो गई है।
तिवारी के अनुसार, राज्य में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय हिमालयन कार रैली के आयोजन के वास्ते संस्था का चयन एकल स्रोत से किए जाने के प्रस्ताव को भी मंत्रिमंडल ने स्वीकृति दे दी।
उन्होंने बताया कि रैली में कुल 120 से अधिक प्रवृष्टियों को शामिल किए जाने का लक्ष्य रखा गया है, जिनमें 25 अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागी और 25 एशिया क्रॉस कंट्री रैली, 20 क्लासिक कार रैली तथा 50 भारतीय राष्ट्रीय रैली चैंपियनशिप के प्रतिभागी शामिल होंगे।
पश्चिम एशिया संकट के कारण भारत में पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में अत्यधिक वृद्धि को देखते हुए मंत्रिमंडल ने इस साल एक अप्रैल से पहले हुए बिटुमेन कार्यों के ऐसे अनुबंधों में संशोधन करते हुए एक मई से 30 जून की अवधि के लिए मूल्य समायोजन किए जाने की मंजूरी दे दी, जिनमें अनुबंध की समयावधि हो और बिटुमेन कार्य शेष हों।
इसके अलावा, मंत्रिमंडल ने वर्षों से लंबित किशाऊ बहु-उद्देशीय बांध परियोजना पर संबंधित राज्यों में सहमति बनाए जाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार जताया।
बैठक की शुरुआत में उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूरी और प्रसिद्ध निशानेबाज जसपाल राणा को श्रद्धांजलि दी गई।
भाषा
दीप्ति पारुल
पारुल
1806 1841 देहरादून