पूर्वी कोलकाता में धमाके से रिहायशी इमारत को नुकसान, विस्फोटक बरामद, एक व्यक्ति हिरासत में
माधव
- 18 Jul 2026, 09:30 PM
- Updated: 09:30 PM
कोलकाता, 18 जुलाई (भाषा) कोलकाता के पूर्वी बाहरी इलाके में हुए विस्फोट में एक इमारत आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गई। पुलिस को संदेह है कि यह घटना देसी बम बनाने में इस्तेमाल होने वाले विस्फोटकों के कारण हुई।
पुलिस ने बताया कि इस मामले में मुख्य संदिग्ध शमीम उर्फ सलीम को शनिवार को गिरफ्तार किया गया। वह उत्तर 24 परगना जिले के कमारहाटी इलाके का रहने वाला है और घटना के बाद से फरार था।
उन्होंने बताया कि पूछताछ के लिए तीन अन्य लोगों को भी हिरासत में लिया गया, जिनमें उस संपत्ति का मकान-मालिक भी शामिल है।
शुक्रवार शाम राजारहाट के दक्षिण नारायणपुर इलाके में हुए इस विस्फोट में कम से कम एक व्यक्ति घायल हो गया और इस घटना से इमारत के निवासियों और आसपास के लोगों में दहशत फैल गई।
शनिवार दोपहर एनआईए की एक टीम ने घटनास्थल का दौरा किया, धमाके वाली जगह का मुआयना किया और राजारहाट के घनी आबादी वाले सुपारीबागान इलाके के स्थानीय लोगों से बातचीत की।
अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय एजेंसी ने घटना का स्वतः संज्ञान लेते हुए विस्फोट के बाद प्रारंभिक जांच की है और अपनी रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपेगी, हालांकि मामले की जांच की जिम्मेदारी फिलहाल न्यू टाउन थाने के पास ही है।
एक अधिकारी ने कहा, "रिपोर्ट के आधार पर गृह मंत्रालय यह फैसला करेगा कि मामले की जांच राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) को सौंपी जाए या नहीं।"
पुलिस ने शनिवार को बताया कि पूछताछ के लिए एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है, जबकि मुख्य संदिग्ध मोहम्मद शमीम उर्फ सलीम फरार है। वह उत्तर 24 परगना जिले के कमरहटी का रहने वाला है।
इससे पहले, पश्चिम बंगाल अग्निशमन सेवा, राज्य पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) और बम निरोधक दस्ते के कर्मी शनिवार को प्रभावित इमारत में तलाशी और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मौके पर पहुंचे।
पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, ''हमने दो बम बरामद किए हैं, लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वे सक्रिय हैं या निष्क्रिय। निर्धारित प्रक्रिया के तहत उन्हें निष्क्रिय किया जाएगा।''
पुलिस ने बताया कि घटनास्थल से कई देसी बमों के अवशेष और विस्फोटक बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री भी बरामद की गई है।
जिस इमारत में विस्फोट हुआ उसके मालिक जुल्फिकार अंसारी ने बताया कि सलीम नामक व्यक्ति ने हाल ही में एक स्थानीय बिचौलिए के माध्यम से उनसे इमारत में एक कमरा किराये पर लेने के लिए संपर्क किया था। इस इमारत में अन्य किरायेदार भी रहते हैं।
अंसारी ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच अभी तक कोई लिखित किरायानामा नहीं हुआ था, लेकिन उन्होंने कमरे की सफाई के उद्देश्य से सलीम को वहां आने की अनुमति दी थी।
अंसारी ने दावा किया, ''किरायेदार को सोमवार से यहां रहने आना था। उसे स्थानीय बिचौलिए शहंशाह ने मेरे पास भेजा था, जो भाजपा से जुड़ा है। किरायानामा तैयार होने और पुलिस को उसके रहने की सूचना देने से पहले मैंने उसे मकान का पूरा कब्जा नहीं दिया। मैंने केवल कमरे की सफाई के लिए उसे वहां आने की अनुमति दी थी। इन औपचारिकताओं के पूरी होने से पहले ही विस्फोट हो गया।''
पुलिस ने फरार संदिग्ध के बारे में जानकारी जुटाने के लिए शहंशाह को हिरासत में लिया है।
इमारत के भीतर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से पता चला कि शुक्रवार रात करीब आठ बजे एक स्थानीय युवक ने उस कमरे में सफेद रंग का जूट का बैग रखा था, जिसे किराये पर दिया जाना था। इसके कुछ ही मिनट बाद विस्फोट हो गया।
युवक ने पुलिस को बताया कि यह बैग उसे सलीम नामक व्यक्ति ने दिया था। सलीम ने उसे कमरे की चाबी देते हुए कहा था कि बैग को उसके कमरे में रख दे और बताया था कि उसमें खाने-पीने का सामान है।
युवक ने कहा, "मैंने बैग खोलकर नहीं देखा। मैंने उसे वहीं रख दिया, जहां उस व्यक्ति ने रखने के लिए कहा था। विस्फोट के समय मैं अपने एक दोस्त के साथ घर के बाहर बैठा था। धमाके में हम दोनों घायल हो गए। जब हम उस व्यक्ति को तलाशने गए, तो वह वहां से फरार हो चुका था।"
भाषा
राखी माधव
माधव
1807 2130 कोलकाता