दिल्ली में मुठभेड़ के बाद हिमांशु भाऊ गिरोह के दो सदस्य गिरफ्तार
सुरेश
- 23 Jan 2026, 07:35 PM
- Updated: 07:35 PM
नयी दिल्ली, 23 जनवरी (भाषा) राष्ट्रीय राजधानी में हिमांशु उर्फ भाऊ गिरोह के दो संदिग्ध सदस्यों को 'शहरी विस्तार मार्ग' (यूईआर-2) फ्लाईओवर के पास संक्षिप्त पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि गिरफ्तार व्यक्तियों में से एक हरियाणा में हत्या के कई मामलों में वांछित है।
अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों की पहचान विक्की उर्फ मोगली (37) और चंदर भान (39) के रूप में हुई है। विक्की की गिरफ्तारी पर हरियाणा पुलिस ने 5,000 रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। वह हत्या के कई चर्चित मामलों में कथित संलिप्तता के लिए वांछित था।
पुलिस उपायुक्त (अपराध) हर्ष इंदोरा ने बताया कि गिरोह के सदस्यों की गतिविधियों के बारे में विशेष खुफिया जानकारी मिली थी। उन्होंने बताया कि इनपर गणतंत्र दिवस से पहले दिल्ली में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बनाने का संदेह था।
अधिकारियों ने बताया कि पुलिस टीम ने गोपनीय जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए 22 और 23 जनवरी की दरमियानी रात को बाबा हरिदास नगर में हिरन कूदना-दिचाऊ गांव मार्ग पर यूईआर-2 फ्लाईओवर के नीचे जाल बिछाया।
पुलिस उपायुक्त ने बताया कि इस दौरान जब एक सफेद कार को रोका गया तो उसमें सवार लोगों ने भागने की कोशिश की और पुलिस पर कथित तौर पर गोलियां चलाईं।
उनके अनुसार, विक्की ने कथित तौर पर दो गोलियां चलाई। अधिकारी ने बताया कि उसकी एक गोली एक हेड कांस्टेबल की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी, जिससे एक गंभीर हादसा टल गया।
इस दौरान पुलिस के एक अधिकारी द्वारा की गई जवाबी कार्रवाई में विक्की के पैर में लगी। पुलिस ने उसके बाद दोनों आरोपियों को काबू में कर लिया। घायल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया है।
उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान विक्की ने कथित तौर पर हिमांशु गिरोह से अपने संबंधों की बात कबूल की है। वह हरियाणा में हत्या, हत्या के प्रयास और रोहतक जिले में शस्त्र अधिनियम के तहत दर्ज कई मामलों में वांछित था।
इंदोरा ने बताया कि गिरोह द्वारा अंजाम दी गई दो अलग-अलग वारदातों में पीड़ितों की गोली लगने से मौत हो गई थी।
उन्होंने बताया कि दिल्ली के रोहिणी निवासी चंदर भान को भी इसी गिरोह से संबद्ध माना जा रहा है और अपराध में उसकी विशिष्ट भूमिका की पुष्टि की जा रही है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से 12 कारतूसों के साथ एक पिस्तौल, छह कारतूसों वाली एक देसी बंदूक और वारदात में इस्तेमाल वाहन बरामद किया है।
पुलिस के अनुसार, हिमांशु भाऊ गिरोह व्यापारियों से जबरन वसूली के लिए कुख्यात है और अन्य संगठित आपराधिक गिरोहों से इसके संबंध हैं। यह माना जाता है कि गिरोह का सरगना विदेश से अपनी गतिविधियां संचालित कर रहा है और उसके खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास सहित कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
भाषा प्रचेता सुरेश
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