इस्लामिक स्टेट से जुड़ी महिलाओं और बच्चों को लेकर विमान ऑस्ट्रेलिया पहुंचे
नरेश
- 07 May 2026, 03:27 PM
- Updated: 03:27 PM
मेलबर्न, सात मई (एपी) इस्लामिक स्टेट (आईएस) समूह से कथित संबंध रखने वाली ऑस्ट्रेलियाई महिलाओं और बच्चों को लेकर कई विमान बृहस्पतिवार को ऑस्ट्रेलिया पहुंचे।
ऐसी जानकारी मिली है कि तीन ऑस्ट्रेलियाई महिलाओं और आठ बच्चों को लेकर एक विमान मेलबर्न पहुंचा जबकि एक अन्य विमान एक महिला और उसके बेटे को लेकर कुछ देर बाद सिडनी पहुंचा।
ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने बुधवार को घोषणा की थी कि सीरिया के रेगिस्तानी शिविर में वर्षों से रह रहे ये 13 लोग ऑस्ट्रेलिया लौटने वाले हैं।
पुलिस ने कहा कि इन महिलाओं पर आईएस के तथाकथित खलीफा शासन के दौरान सीरिया और इराक में बिताए गए समय को लेकर आपराधिक आरोप लगाए जा सकते हैं।
कतर एयरवेज की दोनों उड़ानें दोहा से कुछ मिनटों के अंतराल पर ऑस्ट्रेलिया के दो सबसे बड़े शहरों के लिए रवाना हुई थीं। मेलबर्न में पहले उतरने वाली उड़ान क्यूआर904 थी और इसके बाद क्यूआर908 सिडनी पहुंची।
ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने इन महिलाओं की निंदा की थी, क्योंकि वे सीरिया जाकर इस्लामिक स्टेट (आईएस) आतंकियों का समर्थन कर रही थीं। सरकार ने उन्हें वापस लाने में मदद करने से भी इनकार कर दिया था।
पुलिस पिछले एक दशक से अधिक समय से सीरिया में ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों की संभावित संलिप्तता की जांच कर रही है। इसमें आतंकवाद से जुड़े अपराधों के साथ-साथ गुलामों की खरीद-फरोख्त जैसे मानवता के खिलाफ अपराध भी शामिल हैं।
डीकिन यूनिवर्सिटी के चरमपंथ विषय पर विशेषज्ञ जोशुआ रूज़ ने कहा कि ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी तथाकथित खिलाफत के दौरान हुए अत्याचारों की जांच कर रहे हैं, जिनमें यज़ीदी महिलाओं को गुलाम बनाना और शरीयत कानून के कठोर पालन को लागू करना शामिल है।
रूज़ ने ऑस्ट्रेलियन ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन से कहा, ''हिंसा के सबसे भयावह रूपों में से कुछ को महिलाओं ने अंजाम दिया था, इसलिए हमें समझना होगा कि यह भी एक गंभीर समस्या है।''
'सेव द चिल्ड्रेन' ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मैट टिंकलर ने कहा कि अब ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों को लौटे हुए बच्चों के कल्याण को प्राथमिकता देनी चाहिए।
उन्होंने कहा, ''जिस समूह की हम बात कर रहे हैं, उसमें लगभग दो-तिहाई बच्चे हैं। अब तक काफी ध्यान महिलाओं और उनके फैसलों पर रहा है। लेकिन अब ध्यान इन बच्चों पर होना चाहिए और उन्हें ऑस्ट्रेलिया में सामान्य जीवन फिर से शुरू करने का मौका दिया जाना चाहिए।''
ऑस्ट्रेलियाई सरकारें इससे पहले दो बार सीरिया के निरूद्ध शिविरों से ऑस्ट्रेलियाई महिलाओं और बच्चों को वापस ला चुकी हैं। वहीं कुछ अन्य ऑस्ट्रेलियाई नागरिक बिना सरकारी मदद के भी लौटे हैं।
एपी
गोला नरेश
नरेश
0705 1527 मेलबर्न