जब कानून लागू करने वाले ही जबरन वसूली करने लगें, तो नागरिक संदेह की नजर से देखने लगते हैं : न्यायालय

जब कानून लागू करने वाले ही जबरन वसूली करने लगें, तो नागरिक संदेह की नजर से देखने लगते हैं : न्यायालय