नेपाल: सांप्रदायिक झड़पों में मरने वालों की संख्या तीन हुई, कर्फ्यू का दायरा नए क्षेत्रों तक बढ़ा
सुरेश
- 30 Jul 2026, 10:28 PM
- Updated: 10:28 PM
(शिरीष बी. प्रधान)
काठमांडू, 30 जुलाई (भाषा) नेपाल के मधेश प्रांत में बृहस्पतिवार को हुई झड़पों में एक किशोर की मौत के बाद अधिकारियों ने कर्फ्यू का दायरा बढ़ा दिया। इससे पहले इस सप्ताह भारत की सीमा से लगे कोशी प्रांत के सुनसरी जिले में सांप्रदायिक हिंसा हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हुए थे।
अधिकारियों ने बताया कि मधेश प्रांत के सिराहा जिले के गोलबाजार इलाके में हुई झड़पों में एक किशोर की मौत हुई, जबकि सुनसरी हिंसा में घायल हुए एक व्यक्ति ने कोशी प्रांत में दम तोड़ दिया।
इसके साथ ही नेपाल के कोशी और मधेश प्रांतों में एक सप्ताह से जारी सांप्रदायिक हिंसा में मृतकों की संख्या बढ़कर तीन हो गई है। दोनों प्रांत भारत के बिहार राज्य से लगते हैं।
मधेश प्रांत के धनुषा, सिराहा और बीरगंज जिलों के कुछ हिस्सों में बृहस्पतिवार को अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लगाया गया। वहीं सुनसरी जिले में (जहां सोमवार को पहली बार कर्फ्यू लगाया गया था) भी यह अनिश्चितकाल के लिए जारी रहा।
सुनसरी जिले के देवानगंज ग्रामीण नगरपालिका के कप्तानगंज इलाके में रविवार को दो धार्मिक समुदायों के बीच उत्सव को लेकर हुए विवाद के बाद झड़पें हुई थीं। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस की गोलीबारी में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और सुरक्षा कर्मियों सहित एक दर्जन से अधिक लोग घायल हुए थे।
पुलिस के अनुसार, सिरहा जिले के गोलबाजार के पास तुलसीपुर निवासी 15-वर्षीय गणेश यादव को बृहस्पतिवार को दो समूहों के बीच हुई झड़प में गंभीर चोटें आईं। इलाज के दौरान स्थानीय अस्पताल में उसकी मौत हो गई।
जिला प्रशासन के अनुसार, स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए गोलबाजार क्षेत्र में लगाया गया अनिश्चितकालीन कर्फ्यू बृहस्पतिवार को लहान नगरपालिका तक बढ़ा दिया गया। यह घटना गोलबाजार इलाके में विभिन्न समूहों द्वारा किए जा रहे हिंसक प्रदर्शनों के दौरान हुई, जहां प्रदर्शनकारियों ने एक शॉपिंग मॉल में भी आग लगा दी।
ग्रामीण नगरपालिका के अध्यक्ष बेचन मेहता के मुताबिक, सुनसरी जिले के देवानगंज ग्रामीण नगरपालिका में सांप्रदायिक झड़पों के दौरान गंभीर रूप से घायल हुए जय प्रकाश मेहता की भी बृहस्पतिवार को बिराटनगर के एक न्यूरो अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।
बेचन मेहता ने रविवार को हुई सांप्रदायिक हिंसा में मारे गए दोनों लोगों के परिजनों को 10-10 लाख नेपाली रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की।
इस बीच, मधेश प्रांत के परसा जिला प्रशासन कार्यालय ने एहतियाती कदम के तौर पर बीरगंज महानगरपालिका के कुछ हिस्सों में निषेधाज्ञा लागू कर दी है।
सुनसरी में दो धार्मिक समूहों के बीच हुई झड़प के बाद भड़की हिंसा के जवाब में कुछ लोगों के प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने निषेधाज्ञा जारी की।
परसा जिला प्रशासन की ओर से जारी एक नोटिस के अनुसार, बिहार के रक्सौल से सटे बीरगंज में पूर्व में प्रतिमा चौक, पश्चिम में तिलाबे पुल, उत्तर में गंडक चौक और दक्षिण में शंकराचार्य गेट के बीच के इलाके में निषेधाज्ञा लागू थी। बीरगंज, बिहार के रक्सौल से सटा हुआ है।
निषेधाज्ञा के तहत पांच या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने, प्रदर्शन, धरना, सार्वजनिक सभा या बैठक करने पर रोक लगाई गई है। यह आदेश बृहस्पतिवार शाम पांच बजे से शुक्रवार सुबह छह बजे तक प्रभावी रहेगा।
सुनसरी जिले में सोमवार से लागू कर्फ्यू को भी अनिश्चितकाल के लिए बढ़ा दिया गया है, हालांकि वहां स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो रही है।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने दिन में राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (एनएससी) की 43वीं बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें देश की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर मुख्य रूप से चर्चा की गई।
भाषा
शुभम सुरेश
सुरेश
3007 2228 काठमांडू