भारत 12 वर्षों में 'फ्रेजाइल 5' से दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना: मोदी
पाण्डेय
- 15 Aug 2026, 09:11 AM
- Updated: 09:11 AM
नयी दिल्ली, 15 अगस्त (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को अपने कार्यकाल के दौरान देश द्वारा की गई प्रगति का जिक्र करते हुए कहा कि देश पिछले 12 वर्षों में 'फ्रेजाइल फाइव' से दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था में बदल गया है।
उन्होंने 80वें स्वतंत्रता दिवस पर ऐतिहासिक लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि भारत को कभी 'फ्रेजाइल फाइव' में गिना जाता था।
उन्होंने कहा कि दुनिया ने भारत की अर्थव्यवस्था को 'फ्रेजाइल फाइव' की श्रेणी में डाल दिया था, हालांकि महज 12 वर्षों के भीतर भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था के रूप में उभरा है।
'फ्रेजाइल फाइव' वैश्विक वित्तीय और आर्थिक जगत में इस्तेमाल किया जाने वाला एक शब्द है, जिसका अर्थ है ''पांच नाजुक या कमजोर अर्थव्यवस्थाएं।'' इनमें भारत, ब्राजील, इंडोनेशिया, दक्षिण अफ्रीका और तुर्किये को रखा गया था।
प्रधानमंत्री ने कहा कि 1947 में आजादी के बाद भारत के बड़े सपने थे, लेकिन प्रगति अक्सर उस गति से कम रही, जिसे हासिल करने की देश की आकांक्षा थी।
उन्होंने कहा कि आज भारत अभूतपूर्व गति और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है और अब कोई भी ताकत 140 करोड़ भारतीयों के संकल्प को नहीं रोक सकती।
उन्होंने कहा, ''जब दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला राष्ट्र एक विकसित देश बनने का लक्ष्य निर्धारित करता है, तो यह दुनिया को एक शक्तिशाली संदेश देता है और इससे दुनिया का भारत को देखने का नजरिया भी बदल रहा है।''
पिछले 12 वर्षों में अपनी सरकार की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए मोदी ने कहा कि रक्षा उत्पादन चार गुना बढ़ गया है, इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण सात गुना बढ़ गया है, आधुनिक रेलवे कोच के उत्पादन में 21 गुना वृद्धि हुई है, इंटरनेट उपयोगकर्ताओं की संख्या चार गुना बढ़ गई है और डिजिटल लेनदेन 100 गुना बढ़ा है।
मोदी ने यह भी कहा कि देश सेमीकंडक्टर क्षेत्र में एक प्रमुख खिलाड़ी बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने पहले ही तीन सेमीकंडक्टर संयंत्रों में उत्पादन शुरू कर दिया है, और आने वाले वर्षों में पांच से आठ और संयंत्र स्थापित होने की उम्मीद है।
प्रधानमंत्री ने उभरती प्रौद्योगिकियों पर भी बात की और कहा कि एक करोड़ युवाओं को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से संबंधित कौशल में प्रशिक्षित किया जाएगा।
भाषा पाण्डेय
पाण्डेय
1508 0911 दिल्ली