मध्यप्रेदश: बरगी बांध हादसे की जांच के आदेश, क्रूज नौकाओं के संचालन पर लगाई गई रोक
जोहेब
- 01 May 2026, 05:42 PM
- Updated: 05:42 PM
भोपाल, एक मई (भाषा) मध्यप्रदेश सरकार ने जबलपुर जिले के बरगी बांध में हुए क्रूज हादसे की जांच का शुक्रवार को आदेश दिया और राज्य में क्रूज के संचालन पर रोक लगा दी।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मृतकों के परिजन के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि हादसे के दौरान लोगों की जान बचाने के लिए जोखिम उठाने वाले स्थानीय निवासियों को उनकी बहादुरी के लिए स्वतंत्रता दिवस पर सम्मानित किया जाएगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी घटना पर दुख जताया और प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (पीएमएनआरएफ) से मृतकों के परिजन को दो-दो लाख रुपये तथा घायलों को 50-50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की।
अधिकारियों ने बताया कि नर्मदा नदी पर बने बरगी बांध में बृहस्पतिवार शाम अचानक आई आंधी की चपेट में आने से एक क्रूज पलट गया, जिसमें नौ लोगों की मौत हो गई, जबकि 28 लोगों को बचा लिया गया।
मुख्यमंत्री ने लोक भवन के बाहर संवाददाताओं से कहा कि इस दुर्घटना की जांच पर्यटन विभाग करेगा ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। उन्होंने कहा कि बचाव दलों ने साहस का परिचय देते हुए कई लोगों की जान बचाई।
यादव ने बताया कि लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह, पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी, प्रमुख सचिव संजय दुबे, राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) तथा स्थानीय प्रशासन के अधिकारी तत्काल राहत एवं बचाव कार्य में जुट गए थे।
उन्होंने कहा, ''हमारी राहत एवं बचाव टीम ने करीब 29 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। बचाव अभियान जारी है और अब तक नौ शव बरामद किए गए हैं।''
उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि पर्यटन मंत्री ने राज्य में क्रूज के संचालन पर रोक लगाने के आदेश जारी किए हैं और हादसे की जांच शुरू कर दी गई है।
प्रधानमंत्री मोदी ने बृहस्पतिवार को 'एक्स' पर लिखा, ''मध्यप्रदेश के जबलपुर में नौका पलटने से हुई जनहानि अत्यंत दुखद है। शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। स्थानीय प्रशासन प्रभावितों की हर संभव सहायता कर रहा है।''
उन्होंने कहा कि मृतकों के परिजनों को पीएमएनआरएफ से दो-दो लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता दी जाएगी।
भाषा सं दिमो जोहेब
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