पश्चिम बंगाल के भाजपा विधायकों ने विधानसभा चुनाव की रणनीतियों पर चर्चा के लिए बंद कमरे में की बैठक
दिलीप
- 03 Feb 2026, 07:11 PM
- Updated: 07:11 PM
कोलकाता, तीन फरवरी (भाषा) पश्चिम बंगाल के भाजपा विधायकों ने आगामी विधानसभा चुनाव के वास्ते प्रचार रणनीतियों पर चर्चा करने के लिए मंगलवार को एक बंद कमरे में बैठक की। एक पार्टी विधायक ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि यह बैठक विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी के कमरे में हुई, जहां भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता बिप्लब देब भी मौजूद थे।
देब को इस साल होने वाले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिये भाजपा का सह प्रभारी नियुक्त किया गया है।
भाजपा विधायक ने नाम नहीं बताने की शर्त पर कहा, ''50 मिनट की इस बैठक में लगभग 60 विधायक मौजूद थे। उन्हें अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में जनसंपर्क कार्यक्रम चलाने के लिए कहा गया। विधायकों से चौबीसों घंटे जमीनी स्तर पर मौजूद रहने का अनुरोध किया गया। देब को बताया गया कि कैसे तृणमूल कांग्रेस सरकार हमें अपने निर्वाचन क्षेत्रों में विकास कार्य करने नहीं दे रही है।''
उन्होंने कहा कि सभी आंतरिक रिपोर्ट में ''तृणमूल का जनाधार काफी सिकुड़ जाने की बात कही गई है।''
भाजपा विधायक ने कहा, '' हमें भ्रष्टाचार, बिगड़ती कानून व्यवस्था और विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के विरोध की आड़ में पूरे बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस द्वारा अराजकता फैलाये जाने जैसी समस्याओं को उजागर करने के लिए कहा गया है।''
उन्होंने यह भी कहा, ''हमारे विधायकों को सत्तारूढ़ पार्टी द्वारा निर्वाचन आयोग के अधिकारियों को डराने-धमकाने के प्रयासों के बारे में लोगों को जागरूक करने की सलाह दी गई थी।''
बैठक के दौरान, देब ने विधायकों और अधिकारी से स्थिति का जायजा लिया।
उन्होंने विधायकों से कहा कि उन्हें बंगाल की जिम्मेदारी एक महत्वपूर्ण मोड़ पर सौंपी गई है और वह इससे पहले सौंपी गई किसी भी जिम्मेदारी में कभी असफल नहीं हुए हैं।
त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री देब ने भाजपा विधायकों से कहा,''मुझे पता है कि आपके पूर्ण समर्पण, भागीदारी और समर्थन से हम यह सुनिश्चित करेंगे कि ममता बनर्जी और उनकी सरकार के खिलाफ लोगों का गुस्सा ईवीएम में प्रतिबिंबित हो।''
बंद कमरे में हुई बैठक का ब्योरा देने से इनकार करते हुए भाजपा विधायक अग्निमित्रा पॉल ने कहा, ''राज्य की स्थिति और उठाए जाने वाले मुद्दों पर चर्चा जरूर हुई। तृणमूल के समर्थन में भारी गिरावट को देखते हुए, हम चुनाव के बाद भारी बहुमत से सदन में प्रवेश करेंगे। बिप्लब देब ने हमें आज से ही जुट जाने को कहा है।''
उन्होंने कहा, ''सभी विधायकों को आगामी विधानसभा चुनाव के लिए आज से जुट जाने को कहा गया था। नामांकन (पार्टी टिकट) के मुद्दे पर चर्चा करने के लिए यह सही जगह नहीं थी।''
भाषा
राजकुमार दिलीप
दिलीप
0302 1911 कोलकाता