पंजाब: भाजपा का एसआईआर में अनियमितता का आरोप, निर्वाचन आयोग से हस्तक्षेप की मांग
खारी
- 15 Jul 2026, 08:35 PM
- Updated: 08:35 PM
चंडीगढ़, 15 जुलाई (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की पंजाब इकाई के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने निर्वाचन आयोग को पत्र लिखकर आरोप लगाया है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान राज्य सरकार के अधिकारी और बूथ स्तरीय अधिकारी (बीएलओ) अवैध गतिविधियों में शामिल हैं।
पार्टी ने निर्वाचन आयोग से मामले में हस्तक्षेप करने और आवश्यक सुधारात्मक निर्देश जारी करने का आग्रह किया है।
ढिल्लों ने निर्वाचन आयोग और पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को दिए ज्ञापन में आरोप लगाया कि राज्य के कई हिस्सों में चुनाव संबंधी कार्यों में तैनात कुछ अधिकारी मतदाता सूची पुनरीक्षण के नाम पर पंजाब सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से संबंधित आंकड़े एकत्र कर रहे हैं और लोगों को इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं।
भाजपा नेता ने दावा किया कि ऐसी गतिविधियां निर्वाचन आयोग के पुनरीक्षण अभियान के उद्देश्यों के पूरी तरह विपरीत हैं और अवैध हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कई स्थानों पर बीएलओ किरायेदार मतदाताओं से अनधिकृत दस्तावेज मांग रहे हैं, जैसे पंजीकृत किराया समझौता या मकान मालिकों के हलफनामे, जबकि निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों में ऐसी कोई अनिवार्यता नहीं है।
उन्होंने कहा कि इस तरह की अनावश्यक मांगों से आम मतदाताओं को परेशानी हो रही है और चुनावी प्रक्रिया बेवजह जटिल बन रही है।
ढिल्लों ने एसआईआर के दौरान निर्धारित अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर आंकड़े एकत्र करने और सरकारी योजनाओं का प्रचार करने वाले अधिकारियों के खिलाफ तत्काल जांच तथा कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने किरायेदार मतदाताओं से बीएलओ द्वारा मनमाने तरीके से अनधिकृत दस्तावेज मांगे जाने पर रोक लगाने के लिए भी कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने निर्वाचन आयोग से सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों, मतदाता पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ), सहायक ईआरओ और बीएलओ को कड़े निर्देश जारी करने का आग्रह किया कि मतदाताओं से नियमों के तहत निर्धारित दस्तावेजों के अलावा कोई अन्य दस्तावेज नहीं मांगे जाएं।
ढिल्लों ने कहा कि यह मुद्दा सीधे तौर पर जनहित और चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता से जुड़ा है। उन्होंने निर्वाचन आयोग से आग्रह किया कि मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी, मतदाता अनुकूल और तय समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए।
भाषा अमित खारी
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1507 2035 चंडीगढ़